पंचायत शिक्षिका का प्रमाण पत्र फर्जी, प्राथमिकी दर्ज
भोजपुर जिले में फर्जी शैक्षणिक प्रमाण पत्र के आधार पर पंचायत शिक्षिका की नियुक्ति का गंभीर मामला सामने आया है। इस संबंध में निगरानी अन्वेषण ब्यूरो, पटना के निर्देश पर संदेह थाना में प्राथमिकी दर्ज की गई है। मामला पंचायत शिक्षिका कुमारी अलिता से जुड़ा हुआ है, जिनकी नियुक्ति प्रखंड संदेश में वर्ष 2010 में हुई थी। जांच में पाया गया कि कुमारी अलिता द्वारा नियुक्ति के समय प्रस्तुत इंटरमीडिएट (विज्ञान) का अंक पत्र एवं प्रमाण पत्र बिहार विद्यालय परीक्षा समिति, पटना से सत्यापन में फर्जी पाया गया। प्राथमिकी में भारतीय दंड संहिता की धारा 420, 467, 468, 471 एवं 120 (बी) के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। पुलिस के अनुसार मामले की गहन जांच की जा रही है और दोषी पाए जाने पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
रोल नंबर, रजिस्ट्रेशन नंबर एवं प्राप्तांक का मिलान नहीं
समिति से प्राप्त अभिलेखों के अनुसार रोल कोड, रोल नंबर, रजिस्ट्रेशन नंबर एवं प्राप्तांक का मिलान नहीं हुआ। जांच में यह भी स्पष्ट हुआ कि संबंधित अंक पत्र/प्रमाण पत्र किसी अन्य अभ्यर्थी के नाम से संबद्ध था, जिसे कूटरचित तरीके से उपयोग में लाया गया। निगरानी अन्वेषण ब्यूरो की जांच रिपोर्ट के आधार पर कुमारी अलिता पर सरकारी सेवा में फर्जी दस्तावेज के उपयोग, धोखाधड़ी एवं कूटरचना के आरोप प्रमाणित पाए गए। इसके बाद संदेह थाना कांड संख्या 14/26 दिनांक 14 जनवरी 2026 दर्ज की गई है। pravesh
