26 दिसंबर से शिक्षकों का अनिश्चित कालीन धरना
परिवर्तनकारी प्रारंभिक शिक्षक संघ, जिला इकाई वैशाली के जिलाध्यक्ष दिनेश पासवान ने जिला शिक्षा पदाधिकारी, वैशाली को पत्र लिख कर विभिन्न लंबित एवं ज्वलंत मांगों को लेकर कड़ी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए आंदोलन की चेतावनी दी है। बार-बार ज्ञापन और संवाद के बावजूद विभागीय स्तर पर कोई
ठोस पहल नहीं की गई, जो शिक्षकों के साथ अन्याय है।
उन्होंने कहा है कि कहा कि 12 नवंबर 2025 को परिवर्तनकारी प्रारंभिक शिक्षक संघ का एक शिष्टमंडल संघ के प्रदेश अध्यक्ष सह विधान पार्षद, तिरहुत स्नातक क्षेत्र के बंशीधर ब्रजवासी के नेतृत्व में शिक्षकों की विभिन्न लंबित एवं ज्वलंत मांगों को लेकर संबंधित विभागीय पदाधिकारियों से वार्ता हेतु उपस्थित हुआ था। वार्ता में शिक्षकों से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दों को रखा गया, जिस पर शीघ्र निष्पादन का आश्वासन दिया गया था। शिष्टमंडल द्वारा उठाई गई प्रमुख मांगों में विशिष्ट शिक्षकों का वेतन निर्धारण, वेतन निर्धारण के पश्चात एरियर का भुगतान, विभिन्न प्रखंडों के शिक्षकों के चिकित्सा अवकाश का भुगतान, एचआरएमएस ऑनबोर्डिंग की प्रक्रिय
पूर्ण करना, सभी शिक्षकों को एकसाथ शहरी दर से आवास भत्ता का भुगतान, नियोजित शिक्षकों के जनवरी 2025 एवं जुलाई 2025 के लंबित महंगाई भत्ते (डीए) का भुगतान, विशिष्ट शिक्षकों एवं विद्यालय अध्यापकों को 58 प्रतिशत की दर से महंगाई भत्ता, पूर्व से कार्यरत शिक्षकों के समान आवास भत्ता, तथा 13 फरवरी 2024 को धरना-प्रदर्शन में भाग लेने वाले शिक्षकों के कटौती किए गए वेतन का भुगतान शामिल है। शिक्षकों का कहना है कि वार्ता के पश्चात पर्याप्त समय बीत जाने के बावजूद एक भी मांग का निष्पादन अब तक नहीं किया गया है। परिवर्तनकारी प्रारंभिक शिक्षक संघ ने स्पष्ट किया है कि यदि उपर्युक्त सभी मांगों को दिनांक 24 दिसंबर 2025 तक पूरा नहीं किया गया, तो संघ मजबूर होकर 26 दिसंबर से जिला शिक्षा पदाधिकारी, वैशाली के कार्यालय शिक्षा भवन के समक्ष अनिश्चितकालीन धरना एवं आमरण अनशन प्रारंभ करेगा।
